चंडीगढ़: हरियाणा पुलिस ने संगठित अपराध और गैंगस्टर नेटवर्क पर शिकंजा कसने के लिए राज्य के 10,892 जघन्य अपराधियों की डिजिटल कुंडली तैयार की है। हत्या, हत्या के प्रयास और अन्य गंभीर अपराधों में शामिल इन अपराधियों का विस्तृत रिकॉर्ड तैयार कर उनकी गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जा रही है। पुलिस का दावा है कि इस डेटा आधारित निगरानी प्रणाली से अपराध होने से पहले ही संभावित खतरों की पहचान कर कार्रवाई करना आसान होगा। यह जानकारी पुलिस महानिदेशक अजय सिंघल की अध्यक्षता में पंचकूला में आयोजित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में सामने आई। बैठक में रोहतक, झज्जर, सोनीपत और फरीदाबाद जिलों में संचालित विशेष आरजेएसएफ (रोहतक-झज्जर-सोनीपत-फरीदाबाद) यूनिट की कार्यप्रणाली और उपलब्धियों की समीक्षा की गई।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार तैयार किए गए डेटाबेस में अपराधियों का आपराधिक इतिहास, उनके संपर्क, सामाजिक पृष्ठभूमि, वर्तमान गतिविधियां और संभावित नेटवर्क तक की जानकारी शामिल है। अपराधियों को अलग-अलग श्रेणियों में बांटकर उनका जोखिम स्तर भी तय किया गया है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि कौन दोबारा अपराध कर सकता है और किसके गैंगस्टर नेटवर्क से जुड़ने की आशंका है।

