चंडीगढ/संदीप सैनी: आज अखिल भारतीय व्यापार मंडल के राष्ट्रीय मुख्य महासचिव व हरियाणा प्रदेश व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष बजरंग गर्ग ने पंजाब, हरियाणा व दिल्ली के व्यापारी व उद्योगपतियों से बातचीत करने के उपरांत कहा कि हमेशा आंदोलनकारी रास्ता रोकने का काम करते थे मगर यह पहली सरकार है जिसने हरियाणा व दिल्ली की सीमाओं पर नाकें लगाकर रास्ता रोक रखा है। एक तरफ सरकार कहती है कि हम किसानों को किसी कीमत पर दिल्ली बॉर्डर पर जाने नहीं देंगे दूसरी तरफ बहादुरगढ़ व सोनीपत से दिल्ली जाने का रास्ता बंद कर रखा है। सरकार ने हरियाणा व पंजाब की जनता को नाकें लगाकर कैद कर रखा है जिसके कारण बहादुरगढ़, सोनीपत, कुंडली, पानीपत आदि के साथ-साथ हरियाणा, पंजाब के व्यापारी व उद्योगपतियों को करोड़ों-अरबों रुपए का नुकसान हो रहा है। बजरंग गर्ग ने कहा कि अबकी बार किसान आंदोलन में दो किसान शहीद हो गई है और सैकड़ो किसानों को चोटे आई है जबकि पिछले किसान आंदोलन में लगभग 750 किसान शहीद हो गए थे जो बहुत दुख दाई है। बजरंग गर्ग ने किसानों से भी अपील की है की शांतिप्रिय तरीके से अपना आंदोलन करें अपनी मांगे मनवाने के लिए हर व्यक्ति को आंदोलन करने का अधिकार है। बजरंग गर्ग ने कहा कि देश के किसान बार-बार आंदोलन कर रहे हैं। सरकार को किसानों की समस्या को हल करते हुए आंदोलन को खत्म करवा कर रास्ते खोलने चाहिए। केंद्र सरकार ने किसान की आय दो गुणा करने व एमएसपी देने के लिए 2 साल पहले कमेटी बनाई थी मगर सरकार ने किसानों की समस्या की तरफ कोई ध्यान नहीं दिया। सरकार को अपने वादे के अनुसार किसनों की समस्या का समाधान करना चाहिए।

