चंडीगढ: PU पंजाब यूनिवर्सिटी चंडीगढ़ में देर रात चंडीगढ़ पुलिस गो बैक और हमें चाहिए आजादी के नारे लगे। दरअसल, चंडीगढ़ पुलिस यहां यूनिवर्सिटी की तरफ से जारी किए गए एफिडेविट देने के ऐलान के खिलाफ पंजाब यूनिवर्सिटी के यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट ऑफ लीगल स्ट्डीज विभाग के स्टूडेंट अभिषेक डागर पिछले चार दिन से मरण व्रत पर बैठे हुए हैं। पुलिस अब स्टूडेंट नेता को वहां से हटाकर अस्पताल में दाखिल करवाना चाहती थी। इस दौरान छात्रों ने आरोप लगाया कि पुलिस मुलाजिमों ने शराब पी हुई थी और उनके साथ दुर्व्यवहार किया गया है।
धरने को हटाने पहुंची थी पुलिस
अभिषेक डागर स्टूडेंट आर्गेनाइजेशन आफ पंजाब यूनिवर्सिटी के नेता है और कौंसल के महा सचिव भी हैं। वाइस चांसलर कार्यालय के समक्ष चल रहे धरने प्रदर्शन को हटाने का प्रयास पुलिस की तरफ से किया गया है। पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंचे थे और स्टूडेंट्स से पहले बातचीत के जरिए और बाद में हलके बल का प्रयोग करने का प्रयास हुआ है।
स्टूडेंट से मिलने वाले नेताओं का आना जारी
दूसरी तरफ पंजाब यूनिवर्सिटी की सैनेट और सिंडिकेट को भी भंग कर दिया है। इस पर भी विवाद शुरू हो गया है और स्टूडेंट नेता लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं। इस बीच यहां नेताओं का आना भी लगातार जारी है। चंडीगढ़ से सांसद मुनीष तिवाड़ी, फतेहगढ़ साहिब से सांसद मालविंदर सिंह कंग समेत कई पुराने स्टूडेंट नेता लगातार यहां पहुंच रहे हैं और अपनाए जा रहे रवैये के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं।

