तेल अवीव/तेहरान/वॉशिंगटन डीसी: मिडिल-ईस्ट में जारी जंग के बीच इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने अपनी मौत की अफवाहों का खंडन किया। उन्होंने गुरुवार देर रात प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा, ‘मैं जिंदा हूं।’नेतन्याहू ने दावा किया कि बीते 20 दिनों में अब ईरान के पास यूरेनियम इनरिच करने या बैलिस्टिक मिसाइलें बनाने की कोई क्षमता नहीं बची है। उन्होंने कहा, ‘हम जीत रहे हैं और ईरान बर्बाद हो रहा है। ईरान के 100 से ज्यादा मिसाइल लॉन्चर तबाह किए। साथ ही हथियार बनाने वाली कई फैक्ट्रियां भी नष्ट किए। उन्होंने आगे कहा, ‘हम ईरान पर चौतरफा हमले कर रहे हैं और वह अब दुनिया को ब्लैकमेल नहीं कर सकता है। उसकी लीडरशिप खत्म हो चुकी है।’
नेतन्याहू के बयान की 7 बड़ी बातें
- मैं जिंदा हूं और आप सब इसके गवाह हैं। शायद मौत की अफवाहों का जवाब देने के लिए।
- 20 दिनों के युद्ध के बाद ईरान के पास अब यूरेनियम संवर्धन की क्षमता नहीं बची है और बैलिस्टिक मिसाइल बनाने की भी क्षमता खत्म हो गई है। वे इसे पूरी तरह नष्ट करने तक जारी रखेंगे।
- हमने युद्ध के तीन टारगेट रखे। इसमें ईरान का न्यूक्लियर खतरा खत्म करना, बैलिस्टिक मिसाइल खतरा हटाना, ईरानी लोगों के लिए आजादी की स्थितियां बनाना ।
- अमेरिका और इजराइल मिलकर ईरान को तबाह कर रहे हैं। हम जीत रहे हैं। ईरान की लीडरशिप में दरारें आ रही हैं।
- ईरान के साउथ पार्स गैस फील्ड से जुड़े प्रोसेसिंग प्लांट पर हमला इजराइल ने अकेले किया था और इसमें अमेरिका शामिल नहीं था।
- ट्रम्प अपनी मर्जी से जंग में साथ आए। क्या कोई सच में सोचता है कि किसी से ट्रम्प को कुछ करने को कहा जा सकता है?
- रेजीम चेंज के लिए सिर्फ हवाई हमले काफी नहीं, जमीन पर कार्रवाई भी जरूरी हो सकता है, लेकिन ईरानी लोगों को खुद उठना होगा।
ईरान बोला- अमेरिकी F-35 फाइटर जेट को नुकसान पहुंचाया
जंग के बीच ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने कहा है कि उसने अमेरिकी F-35 फाइटर जेट पर हमला कर उसे नुकसान पहुंचाया। IRGC ने इस हमले का वीडियो भी जारी किया है, जिसमें जेट को निशाना बनाते हुए दिखाया गया है। हालांकि इस वीडियो की पुष्टि नहीं हो पाई है। वहीं, अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने स्वीकार किया कि एक F-35 जेट को ईरान के ऊपर मिशन के दौरान इमरजेंसी लैंडिंग करानी पड़ी। विमान को मिडिल-ईस्ट के किसी देश में उतारा गया है।

