फरीदाबाद: हरियाणा में फरीदाबाद की अल-फलाह यूनिवर्सिटी की वेबसाइट हैक कर ली गई। वेबसाइट पर क्लिक करने पर आया कि भारत की धरती पर इस तरह की इस्लामिक यूनिवर्सिटी की कोई जगह नहीं है। अगर भारत में रहना है तो शांति से रहना होगा, नहीं तो इस्लामिक जिहाद करने वालों को भारत छोड़कर पाकिस्तान चले जाना चाहिए। इसे चेतावनी समझें, क्योंकि हम तुम्हारी राष्ट्रविरोधी गतिविधियों पर नजर रख रहे हैं। इसे बंद करो, वर्ना हम तुम्हें बर्बाद कर देंगे।

यहीं पढ़ाने वाले डॉक्टर मुजम्मिल शकील के 2 किराए के घरों से 9 नवंबर को 2900 किलोग्राम विस्फोटक सामग्री मिली थी। 10 नवंबर को दिल्ली में ब्लास्ट के बाद आज यानी मंगलवार को पुलिस ने अल-फलाह यूनिवर्सिटी में छापा मारा। पुलिस सूत्रों के अनुसार, यहां से 13 लोगों को हिरासत में लिया गया है, जिनमें 7 डॉक्टर, 5 स्टूडेंट और एक युवती शामिल है। बताया जा रहा है कि युवती डॉ. मुजम्मिल की कार इस्तेमाल करती थी।

पुलिस जांच के लिए फतेहपुर तगा गांव की मस्जिदों में भी गई, क्योंकि मुजम्मिल अक्सर तगा की मस्जिद में नमाज पढ़ने आता था। यहां पुलिस ने शक के आधार पर 4 लोगों को हिरासत में लिया है, जिनके फोन से वॉट़्सएप चैट डिलीट मिली है। दिल्ली में ब्लास्ट का आरोपी मोहम्मद उमर नबी भी इसी यूनिवर्सिटी में पढ़ाता था। वह 7 मई 2024 को यहां पढ़ाने आया था, लेकिन 30 अक्टूबर के बाद से वह पढ़ाने नहीं आया। जांच में यह भी सामने आया है कि 10 नवंबर को ब्लास्ट वाले दिन उमर यूनिवर्सिटी से ही i20 कार लेकर निकला था। बाद में, दिल्ली में लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास इसी कार में ब्लास्ट हुआ था।

